देहरादून
स्वास्थ्य सचिव एवं अपर आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के आदेशानुसार तथा उप औषधि नियंत्रक के निर्देश पर आज औषधि विभाग की टीम ने देहरादून क्षेत्र के मेडिकल स्टोर्स और शिशु रोग (Paediatric) अस्पतालों के अंतर्गत संचालित मेडिकल स्टोर्स का औचक निरीक्षण किया। यह निरीक्षण जिले में चल रहे औषधि सुरक्षा और प्रदायगी जांच अभियान के हिस्से के रूप में आयोजित किया गया।

निरीक्षण के दौरान टीम ने कई मेडिकल स्टोर्स में Dextromethorphan Hydrobromide, Chlorpheniramine Maleate और Phenylephrine Hydrochloride युक्त पेडियाट्रिक कफ सिरप्स का भंडारण पाया। इन दवाओं के भंडारण और उपलब्धता की जांच के पश्चात विभाग द्वारा संबंधित दवाओं को नियमानुसार सीज़ (जब्त) कर दिया गया है और 06 पेडियाट्रिक कफ सिरप्स के नमूने फॉर्म-17 में कागजी प्रक्रिया पूरी कर परीक्षण हेतु संकलित किए गए हैं।

विभाग ने बताया कि फॉर्म-17 के अनुसार संकलित नमूनों को प्रयोगशाला भेजकर दवा की शुद्धता, मात्रा और गुणवत्ता की जांच की जाएगी। परीक्षण रिपोर्ट आने पर नियमानुसार आगे की कार्यवाही की जाएगी, जिसमें नियमों के उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित मेडिकल स्टोरों के खिलाफ अनुशासनात्मक और वैधानिक कार्रवाई शामिल हो सकती है।

निरीक्षण में यह भी पाया गया कि निरीक्षण के समय किसी भी मेडिकल स्टोर पर Coldrif, Respifresh TR एवं Relife कफ सिरप उपलब्ध नहीं थे। विभाग का कहना है कि उक्त ब्रांडों की अनुपस्थिति के कारण उन पर अलग से कोई कार्रवाई नहीं की गई परंतु स्टोर मालिकों से इन दवाओं के स्रोत और आपूर्ति सम्बन्धी रिकार्ड मांगे गए हैं ताकि आपूर्ति श्रृंखला में किसी भी अनियमितता का पता लगाया जा सके।

इंस्पेक्शन टीम ने मेडिकल स्टोर्स के रिकॉर्ड, खरीद- विक्रय कागजात तथा स्टोर की शर्तों का भी अवलोकन किया। टीम ने कई स्टोर्स को दवाओं के भंडारण व लेबलिंग संबंधी नियमों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए और आवश्यक सुधार हेतु समय-सीमा भी निर्धारित की। विभाग ने कहा है कि भविष्य में ऐसे ही अनियमितताओं पर सख्ती से नज़र रखी जाएगी और जरूरत पड़ने पर रजिस्टर्ड लाइसेंसों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
आज के इस औचक निरीक्षण टीम में निम्नलिखित अधिकारी शामिल रहे — उप औषधि नियंत्रक हेमंत सिंह नेगी, सहायक औषधि नियंत्रक सुधीर सिंह, औषधि निरीक्षक मानेंद्र सिंह राणा, औषधि निरीक्षक निधि रतूड़ी तथा औषधि निरीक्षक विनोद जगुडी। विभाग ने सभी स्टोर्स के नाम और निरीक्षण के विस्तृत विवरण को रिकॉर्ड में संकलित कर लिया है।
विभाग ने जनता से भी अपील की है कि वे अनावश्यक या संदिग्ध दवाओं के प्रयोग से बचें और किसी भी प्रकार की दवा-सम्बंधी शिकायत होने पर नजदीकी औषधि विभाग या हेल्पलाइन पर सूचित करें। साथ ही माता-पिता व देखभालकर्ताओं से अनुरोध किया गया है कि बच्चों को केवल सुरक्षित, प्रमाणित और चिकित्सीय परामर्श के अनुसार ही कफ सिरप दें।
परीक्षण रिपोर्ट मिलने के बाद विभाग द्वारा विस्तृत प्रेस नोट जारी किया जाएगा और नियमों के उल्लंघन पाए जाने वाली दुकानें व सप्लायर्स के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जनता को आश्वस्त किया गया है कि औषधि सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा।
